15 Best News Portal Development Company In India

मुख्यमंत्री ने लगभग 19 लाख छात्रों को ₹944.55 करोड़ की छात्रवृत्ति डीबीटी से की हस्तांतरित

SHARE:

 

 

 

लखनऊ, 25 जनवरी। यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने रविवार को राजधानी लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित छात्रवृत्ति वितरण कार्यक्रम के दौरान विपक्ष पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि 12 बजे तक सोकर उठने वाले बबुआ को गरीबों के बच्चों की पढ़ाई की चिंता कहां थी? पिछली सरकारों में परिवारवाद, भ्रष्टाचार व लापरवाही के कारण छात्रवृत्ति जैसी योजनाएं गरीबों तक नहीं पहुंच पाती थीं। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने निष्पक्ष एवं पारदर्शी डीबीटी प्रक्रिया के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए प्रदेश के 18,78,726 छात्र-छात्राओं के बैंक खातों में ₹944.55 करोड़ की छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति का अंतरण किया। उन्होंने प्रदेशवासियों को 77वें गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं भी दीं।

डीबीटी से खत्म हुआ भ्रष्टाचार का खेल
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि पूर्व सरकारों ने गरीबों के बच्चों की पढ़ाई पर कभी ध्यान नहीं दिया। 12 बजे तक सोकर उठने वाले बबुआ को गरीबों के बच्चों की चिंता कहां से होगी? जो सूरज निकलने के बाद उठे, उसे सूर्योदय की बात भी फिजूल लगेगी। ऐसे लोग न प्रदेश की चिंता कर सकते हैं और न ही गरीबों की। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब सरकार की नीयत साफ होती है और नीति स्पष्ट होती है, तब भ्रष्टाचार रूपी दानव पर नियंत्रण संभव होता है। पहले छात्रवृत्ति योजनाएं कई स्तरों पर भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ जाती थीं। कभी सरकार की नीयत खराब होती थी, कभी परिवारवाद आड़े आता था, कभी विभागीय भ्रष्टाचार के कारण पैसा गरीब छात्रों तक नहीं पहुंचता था। आज डीबीटी के माध्यम से एक क्लिक में सभी वर्गों के करीब 19 लाख छात्रों के खातों में पैसा पहुंचा, बिना किसी भेदभाव के।

गणतंत्र दिवस पर छात्र-छात्राओं को बड़ी सौगात
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित इस कार्यक्रम को सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम इस बात का प्रमाण है कि सरकार शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “वंचित को वरीयता, पिछड़ों को प्राथमिकता” विजन का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी छात्र शिक्षा से वंचित न रहे। तकनीक के माध्यम से ई-गवर्नेंस को ईजी गवर्नेंस में बदला गया है, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित हुई है।

छात्रों की सफलता की कहानियों का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में छात्रवृत्ति से लाभान्वित होकर सफल हुए छात्रों की उपलब्धियों का जिक्र किया।
उन्होंने उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उत्पादन निगम में कंप्यूटर सहायक बनी एक छात्रा का उदाहरण देते हुए कहा कि बेटियों का स्वावलंबी होना सरकार की सबसे बड़ी उपलब्धि है। प्रदेश सरकार की ऐसी ही योजनाएं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाकर राष्ट्र निर्माण में सहभागी बना रही हैं।

शिक्षा ढांचे में ऐतिहासिक सुधार
मुख्यमंत्री ने बताया कि ऑपरेशन कायाकल्प के माध्यम से परिषदीय विद्यालयों की स्थिति बदली गई है। अब विद्यालयों में भवन, शिक्षक, सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध है। आंगनबाड़ी केंद्रों में प्री-प्राइमरी शिक्षा, पोषण मिशन, कस्तूरबा गांधी विद्यालय, अटल आवासीय विद्यालय और कम्पोजिट स्कूलों के माध्यम से शिक्षा व्यवस्था को सशक्त किया गया है। मुख्यमंत्री ने अभ्युदय कोचिंग योजना के तहत नीट, जेईई और यूपीएससी की तैयारी की सुविधा का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि स्किल डेवलपमेंट, रोबोटिक्स, ड्रोन टेक्नोलॉजी और खेल इन्फ्रास्ट्रक्चर पर सरकार विशेष ध्यान दे रही है। हर गांव में खेल मैदान, ब्लॉक स्तर पर मिनी स्टेडियम और मेरठ में मेजर ध्यानचंद स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का निर्माण किया जा रहा है।

सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का विस्तार
मुख्यमंत्री ने बताया कि वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांग पेंशन, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना और राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना के माध्यम से करोड़ों लोगों को लाभ पहुंचाया गया है। उन्होंने कहा कि यह सब “राष्ट्र प्रथम” की भावना से संभव हुआ है, न कि “परिवार प्रथम” की सोच से। छात्र-छात्राएं ही विकसित भारत का भविष्य हैं और सरकार उनके सपनों को साकार करने के लिए हर संभव प्रयास करती रहेगी।

इस अवसर पर पंचायती राज, अल्पसंख्यक कल्याण, मुस्लिम वक्फ एवं हज मंत्री ओम प्रकाश राजभर, समाज कल्याण, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण, पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेन्द्र कश्यप, अल्पसंख्यक कल्याण, मुस्लिम वक्फ एवं हज राज्य मंत्री दानिश आज़ाद अंसारी और एससी/एसटी कमीशन के अध्यक्ष बैजनाथ रावत उपस्थित रहे।

Chautha Prahari
Author: Chautha Prahari

Vinay Prakash Singh Editor in Chief M.N0- 9454215946 Registration NO. UDYAM -UP-24-0043854

best news portal development company in india
सबसे ज्यादा पड़ गई