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हर सनातनी को योगी जी पर गर्व जयचंद पर महराज जी दें स्पष्टीकरण-रीना एन सिंह योगी आदित्यनाथ ने महराज जयचंद पर दिया था विवादित बयान

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नई दिल्ली, चौथा प्रहरी 10 नवंबर।सीएम योगी आदित्यनाथ द्वारा राजा जयचंद पर विवादित बयान देने पर सुप्रीम कोर्ट की एडवोकेट विश्व हिन्दू महासंघ व अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के मातृ प्रकोष्ठ की राष्ट्रीय अध्यक्ष रीना एन सिंह ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी महराज को पत्र लिख राजा जयचंद्र गहरवार जी के इतिहास की सही जानकारी देने का प्रयास किया है उन्होंने कहा कि राजा जयचंद्र गहरवार गद्दार नहीं, बल्कि सुप्रीम कोर्ट के राम जन्मभूमि निर्णय में प्रमाणित दानवीर वंश से थे। जिस राजा के शिलालेख 550 वर्षों बाद राम मंदिर के अस्तित्व का निर्णायक साक्ष्य बने, वह कभी विश्वासघाती हो ही नहीं सकता।

रीना एन सिंह ने कहा कि विदेशी आक्रांताओं ने असत्य कथाएँ गढ़ीं, अब सत्य को सामने लाना हमारा कर्तव्य है,राजा जयचंद्र निष्ठावान धर्मवीर थे,जिनके दान से मंदिर और गुरुकुल बने, उन्हें ‘गद्दार’ कहना इतिहास पर सबसे बड़ा कलंक है। काशी की रक्षा के लिए चंदावर के युद्ध में मोहम्मद गोरी से युद्ध करते हुए वीरगति प्राप्त करने वाला राजा भला विश्वासघाती कैसे हो सकता है? किंतु षड़यंत्रकारी काव्य-कथाओं  ने उनके स्वर्णिम इतिहास को कुटिल रूप से अपमानित किया। रीना एन सिंह ने कहा कि भारत की ऐतिहासिक स्मृति को खंडित किया गया, राजा जयचंद्र तो सनातन धर्म के दृढ़ रक्षक थे,जिनके दादा के शिलालेख राम जन्मभूमि के न्यायिक निर्णय में मुख्य साक्ष्य बने, उसी वंश के राजा को अपमानित किया जाना घोर अन्याय है। असत्य चाहे कितने समय तक टिक जाए, अंततः सत्य की विजय अवश्य होती है राजा जयचंद्र गहरवार सत्य, पराक्रम और धर्म के प्रतीक थे। क्षत्रिय समाज को राजा जयचंद्र का खोया सम्मान वापस दिलाना ही होगा। षड़यंत्रकारी इतिहासकारों ने सदियों तक जो भ्रम फैलाया, अब उसे मिटाने  का समय है, राजा जयचंद्र गहरवार दान, धर्म, शौर्य और मर्यादा के प्रतीक थे, मुहम्मद गोरी से युद्ध करते हुए वीरगति को प्राप्त हुए क्षत्रिय राजा को ‘गद्दार’ कहना सभ्यता-विरोधी है। रामभक्त राजा जयचंद्र पर लगाया गया झूठा आरोप अब धुलना ही चाहिए जिसके दोषी इतिहास का विकृतीकरण करने वाले देशद्रोही हैं।

Chautha Prahari
Author: Chautha Prahari

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